भ्रष्टाचार मिटाना है..................

घूंघट के पट खोल सखे. 
अन्ना-अन्ना बोल सखे..

भ्रष्टाचार मिटाना है, 
बात यही अनमोल सखे..

अचरज से सब देख रहे, 
सत्ता डांवाडोल सखे..

बच्चा-बच्चा फोड़ेगा, 
इन लुच्चों का ढोल सखे..

लोकपाल बिल लाएँगे, 
बम-बम, बम-बम बोल सखे..

चलो 'मौदगिल' अनशन पर, 
ले कविता रमझोल सखे..
--योगेन्द्र मौदगिल

14 comments:

सतीश सक्सेना said...

अच्छे भविष्य की कामना करते हैं !
जन्माष्टमी शुभ हो !भाई जी

डॉ टी एस दराल said...

जय अन्ना ।
जय हिंद ।

संगीता स्वरुप ( गीत ) said...

अच्छी और सटीक प्रस्तुति

वन्दना said...

वाह बहुत सुन्दर प्रस्तुति।
कृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनायें।

डॉ. मनोज मिश्र said...

@@भ्रष्टाचार मिटाना है,
बात यही अनमोल सखे..
अचरज से सब देख रहे,
सत्ता डांवाडोल सखे..
वाह,बहुत बढ़िया .
श्री कृष्णजन्माष्टमी शुभ हो .

दिगम्बर नासवा said...

वह गुरुदेव ... सच है अन्ना को सफल बनाना है .. लोकपाल को लाना है ... मज़ा आ गया आपका अंदाज़ देख कर ...
कृष्ण जन्माष्टमी की शुभकामनाएं ...

Dr (Miss) Sharad Singh said...

वाह सुंदर ...बहुत सुंदर भाव ....

भारतीय नागरिक - Indian Citizen said...

त्याग दे भ्रष्टाचार की नैया,
हो गया इसमें होल सखे!

चन्द्र भूषण मिश्र ‘ग़ाफ़िल’ said...

बहुत सुन्दर...बधाई

आशा जोगळेकर said...

लोकपाल बिल लाएँगे,
बम-बम, बम-बम बोल सखे..

चलो 'मौदगिल' अनशन पर,
ले कविता रमझोल सखे..

बहुत खूब मौदगिल साहब ।

आपने जो दोहे लिख्खे
वे सब हैं अनमोल सखे ।

प्रवीण पाण्डेय said...

देश का भविष्य सुखद हो।

singhSDM said...

पूरी ग़ज़ल बेहतरीन, तिस पर ये शेर तो माशा अल्लाह......!!!!
भ्रष्टाचार मिटाना है,
बात यही अनमोल सखे..

हालत को भांपते हुए बहुत मौजू ग़ज़ल है ..... बहुत बहुत शुभकामनायें !!!

anita agarwal said...

saral shabdoon mei man ki awaz...
sunder rachna..

Surendra shukla" Bhramar"5 said...

योगेन्द्र मौदगिल जी देवी की कृपा से आप के नारों ने आनंद और जोश भर दिया
भ्रमर ५

बच्चा-बच्चा फोड़ेगा,
इन लुच्चों का ढोल सखे..

लोकपाल बिल लाएँगे,
बम-बम, बम-बम बोल सखे..