स्वागत नववर्ष

विगत कईं दिनों तक ब्लाग जगत से दूर रहा आज समक्ष हूं पर समझ में नहीं आ रहा कि क्या पोस्ट करूं.....


चलिये.... एक आयोजन के कुछ फोटो दिखाता हूं...


पानीपत में विगत २५ दिसंबर २००९ को एक भव्य कवि सम्मेलन सम्पन्न हुआ जिसमें
सरदार प्रताप सिंह फौजदार (आगरा) कविता किरण (फालना)
गजेन्द्र सोलंकी (दिल्ली) जगन्नाथ विश्व (नागदा)
श्यामल मजूमदार (लखनऊ) रतन सिंह रतन (मेरठ)
अशोक बतरा (सोनीपत) और
मैं याने योगेन्द्र मौदगिल


पानीपत सांस्कृतिक मंच के तत्वावधान में आयोजित तड़के तीन बजे तक कविसम्मेलन चला उसी की झलकियां प्रस्तुत हैं


पहले चित्र में नगर पानीपत के एकमात्र आडिटोरियम 'एस डी विद्यामंदिर' में
खूबसूरत मंच के पार्श्व में लगा आयोजकों व प्रायोजकों का बोर्ड


इस चित्र में बायें से योगेन्द्र मौदगिल एवं अशोक बतरा

इस चित्र में बायें से सरदार प्रताप सिंह फौजदार, श्यामल मजूमदार, योगेन्द्र मौदगिल एवं अशोक बतरा


अशोक बतरा कवितापाठ करते हुए

योगेन्द्र मौदगिल कवितापाठ करते हुए

इस चित्र में बायें से सरदार रतन सिंह रतन, कविता किरण, जगन्नाथ विश्व
एवं मंच संचालक गजेन्द्र सोलंकी

सरदार रतन सिंह रतन कवितापाठ करते हुए

इस चित्र में बायें से सरदार प्रताप सिंह फौजदार, श्यामल मजूमदार, योगेन्द्र मौदगिल
एवं अशोक बतरा व एक और सज्जन रमेश पुहाल


कविता किरण कवितापाठ करते हुए

समस्त मंच कार्यकारिणी ने मेरे प्रति विशेष स्नेहिल हो मुझे विशेष सम्मान दिया.
चित्र में बायें से अशोक नारंग, प्रधान गजेंद्र सलूजा, डा. रमेश चुघ, सुरेन्द्र मेंहदीरत्ता, मैं,
मुकेश गर्ग, महासचिव संजय जैन, विनोद लीखा व सौरभ सिंघल


सरदार प्रताप सिंह फौजदार कवितापाठ करते हुए

प्रधान गजेन्द्र सलूजा, कविता किरण को सम्मानित करते हुए बीच में मुकेश त्यागी

महासचिव संजय जैन व मुकेश त्यागी, रतन सिंह रतन का सम्मान कर रहे हैं

17 comments:

"अर्श" said...

बहुत खूब , मगर तस्वीरों के साथ साथ परिचय कराते जाते तो और भी मजा आजाता ....
बधाई कविसम्मेलन के लिए ..

अर्श

डॉ. मनोज मिश्र said...

चलिए तस्वीरों के बहाने ही सही....
चित्र परिचय लगा दीजिये तो पोस्ट पूरी हो जायेगी.

डॉ टी एस दराल said...

चित्र देख कर कवि सम्मलेन का मूक मज़ा आ गया, योगेन्द्र जी।
अगली बार कुछ पंक्तियाँ भी छाप दें तो और भी अच्छा लगेगा।

Kulwant Happy said...

पिक्चर तो बेहद खूबसूरत हैं, लेकिन बिन लफ्जों के अधूरे से हैं। महफिल जम जानी चाहिए जनाब।

राज भाटिय़ा said...

कविसम्मेलन के सभी चित्र बहुत सुंदर लगे, अगर हर चित्र के नीचे थोडा विवरण देते तो मजा दुगना हो जाता.मै एक दो दिन के लिये रोहतक आ रहा हुं, शायद आप से मिलना हो सके

दिगम्बर नासवा said...

बहुत लाजवाब चित्रो के ज़रिए मिलवाया आपने महारथियों से ........ शुक्रिया .......

काजल कुमार Kajal Kumar said...

तस्वीरें तो ठीक पर भाई आपकी रचना कहां गई. मैं तो आपको पढ़ने भी आता हूं :)

Udan Tashtari said...

आनन्द आ गया तस्वीरों को देख कर....

मनोज कुमार said...

इस घटनाक्रम से हमें परिचित करा कर बहुत ही अच्छा काम किया है।

दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi said...

आप की वापसी का स्वागत है। सचित्र वापस लौटे हैं। आशा है कुछ कविताएँ भी पढ़ने को मिलेंगी।

ताऊ रामपुरिया said...

जंच रहे हो भाई फ़ोटुओं म्ह तो. घणी जोरदार.

रामराम.

Smart Indian - स्मार्ट इंडियन said...

चित्र देखकर अच्छा लगा. शुभकामनाएं!

विनोद कुमार पांडेय said...

बहुत खूब यह सचित्र पोस्ट भी किसी कविता से कम आनंददायक नही है..चित्र सहित कवि जनों से परिचय करने का बहुत बहुत आभार..और आपको बहुत बहुत बधाई विशेष सम्मान के लिए..शुभकामनाएँ इसी प्रकार आप सम्मनित होते रहे और दिन प्रति दिन काव्य के नये नये कीर्तिमान स्थापित करते रहें..

संगीता पुरी said...

धन्‍यवाद !!

अल्पना वर्मा said...

कवि सम्मेलन के सभी चित्र बहुत सुंदर हैं,
[देर से सही ]नये साल की शुभकामनाएँ .

भारतीय नागरिक - Indian Citizen said...

बड़े उम्दा फोटो हैं.

श्रद्धा जैन said...

bahut achcha laga
tasveern dekhna

kabhi mouka mila to aapki gazlen saamne sunege
badi hasrat hai